जमशेदपुर, 14 जनवरी 2026: शहर में सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय जाली पासपोर्ट और फर्जी दस्तावेज बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB), झारखंड एटीएस (ATS) और स्थानीय पुलिस के संयुक्त अभियान में गोलमुरी और कपाली क्षेत्र से तीन अफगान नागरिकों सहित कुल चार लोगों को दबोचा गया है।
प्रमुख बिंदु:
गिरफ्तार संदिग्ध: पकड़े गए अफगान नागरिकों की पहचान मो. इश्तियाक अहमद, मो. अनवर खान और लंबू के रूप में हुई है। इनके साथ एक स्थानीय सहयोगी को भी हिरासत में लिया गया है।
फर्जी दस्तावेज: छापेमारी के दौरान इनके पास से फर्जी आधार कार्ड, वोटर आईडी और भारतीय पासपोर्ट बरामद किए गए हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि एक संदिग्ध भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (BARC) का वैज्ञानिक बनकर रह रहा था।
जासूसी का संदेह: सुरक्षा एजेंसियों को अंदेशा है कि यह गिरोह न केवल जाली दस्तावेज बना रहा था, बल्कि देश की आंतरिक सुरक्षा से जुड़ी खुफिया जानकारी जुटाने (जासूसी) में भी शामिल हो सकता है।
आगे की कार्रवाई: दिल्ली से आई आईबी की विशेष टीम और झारखंड एटीएस अब इन आरोपियों से पूछताछ कर रही है ताकि इनके अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन और फंडिंग के स्रोतों का पता लगाया जा सके।
संपादकीय नोट: सुरक्षा एजेंसियों ने इसे एक बड़ी कामयाबी माना है, क्योंकि इस गिरोह के तार दुबई और अन्य खाड़ी देशों से जुड़े होने के सबूत मिले हैं।





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