
झारखंड में ‘महा-हड़ताल’: लगातार चौथे दिन बैंक बंद, 50,000 कर्मचारियों के उतरने से ₹1500 करोड़ का कारोबार प्रभावित!
रांची/जमशेदपुर: झारखंड के बैंकिंग इतिहास में आज एक बड़ा गतिरोध देखने को मिल रहा है। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर आज, 27 जनवरी 2026 को राज्य के 50,000 से अधिक बैंक अधिकारी और कर्मचारी सामूहिक हड़ताल पर हैं।📉 हड़ताल का व्यापक असर
4 दिन का सन्नाटा: 24 जनवरी (चौथा शनिवार), 25 (रविवार), और 26 (गणतंत्र दिवस) के बाद आज हड़ताल के कारण लगातार चौथे दिन बैंक शाखाओं के ताले नहीं खुले।
करोड़ों का नुकसान: अनुमान है कि झारखंड में आज लगभग 1500 करोड़ रुपये का चेक क्लियरेंस और बैंकिंग लेनदेन ठप पड़ा है।
शाखाओं पर ताले: रांची, धनबाद, जमशेदपुर और बोकारो समेत पूरे राज्य की 3000 से अधिक शाखाओं में कामकाज पूरी तरह बंद है।
❓ क्यों अड़े हैं कर्मचारी?
हड़ताल की सबसे प्रमुख मांग ‘5-डे बैंकिंग’ (Five-Day Work Week) है। बैंक यूनियनों का कहना है कि सरकार ने हर शनिवार को छुट्टी देने का आश्वासन दिया था, लेकिन इसे अभी तक लागू नहीं किया गया है। इसके अलावा नई पेंशन योजना का विरोध और वेतन विसंगतियों को दूर करना भी मुख्य एजेंडा है।
📱 ग्राहकों के लिए क्या है विकल्प?
यद्यपि बैंक की शाखाएं बंद हैं, लेकिन राहत की बात यह है कि:
डिजिटल बैंकिंग: UPI (PhonePe, Google Pay), नेट बैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग सेवाएं सुचारू रूप से काम कर रही हैं।
ATM: बैंकों ने दावा किया है कि ATM में पर्याप्त कैश लोड किया गया है, हालांकि लंबी छुट्टियों के कारण शाम तक कई मशीनों के खाली होने की आशंका है।
नोट: निजी क्षेत्र के बड़े बैंक जैसे HDFC और ICICI में कामकाज सामान्य है, लेकिन सरकारी बैंकों (SBI, PNB, BOB आदि) में सेवाएं पूरी तरह ठप हैं।
