
जमशेदपुर उत्कल एसोसिएशन चुनाव: परिसर में प्रदर्शन और काली पट्टी बांधकर विरोध, सड़क पर टेंट लगाकर मतदान का ड्रामा
जमशेदपुर: साकची स्थित प्रतिष्ठित सामाजिक संस्था ‘उत्कल एसोसिएशन’ का चुनाव विवाद रविवार को उस समय चरम पर पहुंच गया, जब मतदान की निर्धारित तिथि पर एसोसिएशन परिसर में भारी हंगामा देखने को मिला। 109 असत्यापित नए सदस्यों को मतदाता सूची में शामिल करने के विरोध में विपक्षी गुट ने हाथों पर काली पट्टी बांधकर परिसर के मुख्य द्वार पर विरोध प्रदर्शन किया और मतदान प्रक्रिया का बहिष्कार किया। इसके जवाब में दूसरे पक्ष ने एसोसिएशन के बाहर सड़क पर टेंट लगाकर वोटिंग शुरू कर दी, जिससे मौके पर स्थिति काफी तनावपूर्ण हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल और मजिस्ट्रेट की तैनाती की गई। हालांकि, प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि वे केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैनात हैं और उनका संस्था के आंतरिक चुनाव प्रक्रिया में कोई हस्तक्षेप नहीं है।
पुराना विवाद और हाई कोर्ट का दरवाजा
उत्कल एसोसिएशन में चुनाव को लेकर विवाद कई हफ्तों से चल रहा है। 25 सदस्यीय कार्यकारिणी के 16 सदस्यों ने 109 विवादित सदस्यों की सदस्यता पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच होने तक चुनाव स्थगित करने की मांग की थी। इस विवाद से व्यथित होकर एसोसिएशन के संरक्षक एवं आरएसबी समूह के उपाध्यक्ष एस.के. बेहरा ने पहले ही अपने पद से त्यागपत्र दे दिया था।
विपक्षी पक्ष ने चुनाव प्रक्रिया को रद्द करने के लिए निबंधन महानिरीक्षक (आईजी रजिस्ट्रेशन) को आवेदन दिया है तथा 16 सदस्यों ने झारखंड हाई कोर्ट में याचिका भी दायर की है। इससे पहले धालभूम के अनुमंडल अधिकारी (एसडीओ) द्वारा भेजी गई रिपोर्ट के आधार पर आईजी रजिस्ट्रार कार्यालय ने चाईबासा निबंधन निरीक्षक को इस पूरे मामले की जांच कर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया था।
सड़क पर वोटिंग की वैधता पर उठे सवाल
मामला अदालत और निबंधन विभाग के पास विचाराधीन होने के बावजूद, महासचिव पक्ष द्वारा तत्काल चुनाव कराने पर जोर दिया गया। परिसर में प्रवेश बाधित होने के बाद सड़क पर टेंट लगाकर कराए जा रहे मतदान को विरोधी गुट ने पूरी तरह अवैध और दुर्भावनापूर्ण करार दिया है।





