Press "Enter" to skip to content

Jamshedpur: जमशेदपुर में एनकाउंटर: कैरव गांधी अपहरण कांड के आरोपियों से पुलिस की मुठभेड़, कांस्टेबल की कार्बाइन छीनकर की फायरिंग

जमशेदपुर: झारखंड के औद्योगिक शहर जमशेदपुर से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। शहर के बहुचर्चित कैरव गांधी अपहरण कांड के आरोपियों और पुलिस के बीच शुक्रवार तड़के बिरसानगर थाना क्षेत्र में भीषण मुठभेड़ (Encounter) हुई है। इस क्रॉस फायरिंग में बिहार के रहने वाले तीन कुख्यात अपराधियों को गोली लगी है, जिन्हें इलाज के लिए एमजीएम (MGM) अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

हथियार बरामदगी के दौरान फिल्मी स्टाइल में हमला

मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस की स्पेशल टीम गिरफ्तार अपराधियों को बिरसानगर के पास एक सुनसान इलाके में हथियारों की बरामदगी के लिए ले गई थी। इसी दौरान अपराधियों ने पुलिस को चकमा देने की कोशिश की। बदमाशों की हिमाकत इतनी बढ़ गई कि उन्होंने ड्यूटी पर तैनात एक कॉन्स्टेबल से उसकी कार्बाइन छीन ली और पुलिस टीम पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।
आत्मरक्षा में पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की और घेराबंदी कर गोलियां चलाईं। पुलिस की सटीक कार्रवाई में तीनों बदमाशों के पैरों में गोलियां लगीं, जिसके बाद उन्हें दबोच लिया गया।

कौन हैं ये अपराधी और क्या है इनका बिहार कनेक्शन?

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, पकड़े गए तीनों अपराधी मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं। ये एक इंटर-स्टेट गैंग का हिस्सा हैं जो झारखंड और बिहार के सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय हैं। इनके नाम और रिकॉर्ड का खुलासा फिलहाल सुरक्षा कारणों से पूरी तरह नहीं किया गया है, लेकिन इनके पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार बरामद होने की खबर है।

कैरव गांधी केस: जिसने शहर को दहला दिया था

आदित्यपुर के नामी उद्यमी के बेटे कैरव गांधी का अपहरण फिरौती के लिए किया गया था। इस घटना के बाद से ही जमशेदपुर के व्यवसायियों में भारी आक्रोश और डर का माहौल था। एसएसपी के नेतृत्व में बनी एसआईटी (SIT) लगातार इन अपराधियों को ट्रैक कर रही थी। इस एनकाउंटर को पुलिस की एक बड़ी कामयाबी के रूप में देखा जा रहा है।

अस्पताल में भारी पुलिस बल तैनात

मुठभेड़ में घायल अपराधियों का इलाज MGM अस्पताल में चल रहा है। अस्पताल परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी खुद इस मामले की निगरानी कर रहे हैं। डॉक्टरों के अनुसार, तीनों अपराधी खतरे से बाहर हैं और जल्द ही उनसे आगे की पूछताछ शुरू की जाएगी।

शहर के लोगों में राहत की सांस

जमशेदपुर की बिजनेस कम्युनिटी ने पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना की है। इस एनकाउंटर ने यह साफ संदेश दे दिया है कि शहर में कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वालों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई जा रही है।

डिस्क्लेमर: यह एक विकसित होती खबर (Breaking News) है। जैसे ही पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक प्रेस नोट या एसएसपी का बयान आता है, हम इस रिपोर्ट को अपडेट करेंगे।

Be First to Comment

    Leave a Reply

    Discover more from DISCOVERY BHARAT

    Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

    Continue reading